BJP राज्यों में 60,000 सरकारी स्कूल बंद या मर्ज, शोषित बच्चे सड़क पर। केरल में सरकारी स्कूलों में रोबोटिक्स लैब, स्मार्ट क्लास! क्या यही विकास का फर्क है?
चित्रा त्रिपाठी जी ! मैं आपसे पूछना चाहता हूँ, जब किसी राज्य में BJP सत्ता में नहीं होती, तो क्या होता है? देखिए उत्तर प्रदेश और मध्य प्रदेश में BJP ने पिछले सालों में करीब 60,000 सरकारी स्कूल बंद कर दिए या मर्ज कर दिए। हाँ, ये वो स्कूल हैं जहाँ बच्चे पढ़ते थे, लेकिन अब वो बच्चे कहाँ जाएँगे? ये तो शोषित-वंचित-पीड़ित बच्चों का अधिकार छीन लिया गया!
अब सुनिए केरल की बात। जब आप सरकारी स्कूल सुनते हैं, तो क्या दिमाग में आता है? पुरानी इमारत, टूटे डेस्क, कोई लैब नहीं? लेकिन केरल में जाइए, तो वाह! एक सरकारी स्कूल में, और मुंह से निकल पड़ा – वाह! रोबोटिक्स लैब, हाई-टेक केमिस्ट्री लैब, स्मार्ट क्लासरूम्स – प्राइवेट स्कूल भी शरमा जाएँ। ये कोई सपना नहीं, रियलिटी है!
क्या है मैथ इसके पीछे? MLA ने CSR फंड्स जुटाए, KIIFB केरल इंफ्रास्ट्रक्चर इन्वेस्टमेंट फंड बोर्ड ने फंडिंग की, और प्लानिंग से एक्जीक्यूशन तक सब सही हुआ। मिड-डे मील? नाम का नहीं, असली खाना-स्ट्रक्चर्ड मेन्यू, हाइजीन, बच्चों को पौष्टिक भोजन मिलता है।
चित्रा त्रिपाठी जी, प्रॉब्लम रिसोर्स की नहीं है, इंटेंट की है! केरल सरकार ने रिसोर्स को सही जगह लगाया, बच्चों के भविष्य पर। जबकि BJP वाले राज्यों में स्कूल बंद करके प्राइवेट को मौका दे रहे हैं।
अभी और सुनिए चित्रा त्रिपाठी जी…
- जी सुनाइये सुधांशु जी…
- BJP राज में सरकारी स्कूल बंद, केरल में रोबोटिक्स लैब!
बीप बीप बीप…
इसलिए केरल कभी BJP को वोट नहीं देगा – क्योंकि वहाँ शिक्षा तुष्टिकरण नहीं, असली विकास है! जनता समझ चुकी है।